Friday, 13 February 2015

फुरसत

कहतें हैं वो की जिंदगी जीयेंगे फुरसत में
वक्त, है की सांसों को मोहलत नहीं देता। ……

क्या ??

मेरे शहर की गलियों मे
मेरे अनगनित अरमान बिखरें हैं

तुमने कभी उठा कर देखा क्या???